किच्छा। अनाज मंडी में पिछले 15 दिनों से धान की खरीद नहीं होने से नाराज किसानों का सब्र आखिरकार टूट गया। बृहस्पतिवार को गुस्साए किसानों ने किच्छा अनाज मंडी में जाम लगाकर हंगामा किया। किसान ट्रैक्टर-ट्रॉलियों में धान लेकर मंडी पहुंचे थे, लेकिन खरीद शुरू नहीं होने के कारण मंडी में धान के ढेर लगे हुए हैं। किसानों ने सरकारी खरीद व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए जल्द तौल शुरू कराने की मांग की।
किसानों का आरोप है कि सरकार की ओर से धान खरीद के दावे किए जा रहे हैं, लेकिन सरकारी खरीद केंद्रों पर अब तक तौल शुरू नहीं हुई है। किसान पिछले दो सप्ताह से रोजाना मंडी के चक्कर काट रहे हैं। इसके बावजूद उनकी उपज नहीं खरीदी जा रही है। इससे किसानों की परेशानी लगातार बढ़ती जा रही है।
खुले में पड़ा धान खराब होने की चिंता
मंडी में खुले आसमान के नीचे धान पड़ा होने से किसानों को उपज खराब होने का डर सता रहा है। वहीं, बेमौसम बारिश की आशंका ने उनकी चिंता और बढ़ा दी है। किसानों का कहना है कि यदि समय रहते धान की खरीद नहीं हुई तो उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है। लंबे समय से खरीद का इंतजार कर रहे किसानों ने प्रशासन से तत्काल तौल शुरू कराने की मांग की।
विधायक और पालिकाध्यक्ष ने दिया समर्थन
किसानों के आंदोलन की जानकारी मिलने पर विधायक तिलकराज बेहड़ और नगर पालिका अध्यक्ष राजेश प्रताप सिंह भी धरनास्थल पर पहुंचे। दोनों ने किसानों की मांगों का समर्थन किया। मंडी में किसानों के जाम और हंगामे के चलते धान खरीद का मुद्दा गरमा गया। किसानों ने स्पष्ट किया कि उनकी उपज की खरीद शुरू होने तक उनकी परेशानी दूर नहीं होगी।
